लॉर्ड्स वनडे में युजवेंद्र चहल के नाम दर्ज हुआ कौन सा शानदार रेकॉर्ड? किस मामले में रोहित शर्मा के हिस्से आया एक बुरा आंकड़ा? बीसीसीआई ने क्यों किया सुप्रीम कोर्ट का रुख? विराट कोहली को लेकर क्या बोले कपिल देव? इन खबरों के साथ जानिए खेल जगत की अहम सुर्खियां और इतिहास की अहम घटनाओं के बारे में।

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लॉर्ड्स पर रेकॉर्डधारी बने चहल
लॉर्ड्स वनडे में भारत के लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल छा गए। गुरुवार (14 जुलाई) को तीन वनडे मैचों की सीरीज के दूसरे मुकाबले में चहल ने इंग्लैंड के बल्लेबाज को जमकर नचाया। फिरकी का जादू चलाकर इस दाएं हाथ के गेंदबाज एक बड़ा रेकॉर्ड अपने नाम कर लिया। उन्होंने 10 ओवर में 47 रन देकर चार विकेट लिए। लॉर्ड्स में किसी वनडे मैच में भारतीय पुरुष गेंदबाज द्वारा किया गया यह सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। चहल ने 39 साल पुराने रेकॉर्ड को तोड़ दिया। वह मोहिंदर अमरनाथ से आगे निकल गए। अमरनाथ ने 1983 वर्ल्ड कप के फाइनल में वेस्टइंडीज के खिलाफ 12 रन देकर तीन विकेट लिए थे। उनके बाद इस मामले में दूसरे स्थान पर आशीष नेहरा हैं। नेहरा ने 2004 में इंग्लैंड के खिलाफ 26 रन देकर तीन विकेट लिए थे।

रोहित के नाम शर्मनाक रेकॉर्ड
इंग्लैंड के खिलाफ पहले वनडे में अर्धशतक लगाने वाले भारतीय कप्तान रोहित शर्मा दूसरे मैच में खाता भी नहीं खोल सके। लॉर्ड्स में गुरुवार (14 जुलाई) को खेले गए मुकाबले में रोहित 10 गेंदों का सामना करने के बाद शून्य पर आउट हो गए। इसके साथ ही उन्होंने एक शर्मनाक रेकॉर्ड अपने नाम कर लिया। रोहित लॉर्ड्स में किसी वनडे मैच में शून्य पर आउट होने वाले दूसरे भारतीय कप्तान बन गए। इस मामले में उन्होंने मौजूदा कोच राहुल द्रविड़ की बराबरी कर ली। द्रविड़ 2007 में खेले गए मुकाबले में लॉर्ड्स के मैदान पर खाता नहीं खोल पाए थे। वहीं, मैच में 24 रन देकर छह विकेट चटकाने वाले इंग्लिश गेंदबाज रीस टॉप्ली ने पूर्व ऑलराउंडर पॉल कॉलिंगवुड और पूर्व तेज गेंदबाज डैरेन गॉफ के रेकॉर्ड को तोड़ दिया।

सुप्रीम कोर्ट पहुंचा बीसीसीआई
बीसीसीआई के अध्यक्ष सौरव गांगुली और सचिव जय शाह का कार्यकाल सितंबर में खत्म होने जा रहा है। ऐसे में बोर्ड ने कूलिंग ऑफ पीरियड (कार्यकाल खत्म होने से लेकर नई प्रक्रिया पूरी होने तक) बढ़ाने के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। बीसीसीआई की तरफ से सुप्रीम कोर्ट में अपील की गई है कि नियमों में संशोधन को लेकर बोर्ड ने कोर्ट में जो याचिका दायर की है, उस पर जल्द से जल्द सुनवाई करें। इस अपील पर चीफ जस्टिस एनवी रमणा ने कहा है कि वह देखते हैं कि इस मामले की सुनवाई अगले हफ्ते हो सकती है या नहीं। बोर्ड ने 2019 में ही सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की थी। इसमें बीसीसीआई ने बोर्ड से जुड़े संविधान में संशोधन की अपील की थी। इस याचिका में बोर्ड ने अध्यक्ष, सचिव और अन्य अधिकारियों के कूलिंग ऑफ पीरियड को बढ़ाने की मांग की थी। साथ ही कई अन्य नियमों में बदलाव की भी अपील की थी।

विराट पर कपिल का तंज
भारत के पूर्व महान ऑलराउंडर कपिल देव ने एक बार फिर विराट कोहली पर निशाना साधा है। उन्होंने वेस्टइंडीज दौरे के लिए विराट कोहली के स्क्वॉड में नहीं चुने जाने पर प्रतिक्रिया दी है। दरअसल, विराट को 22 जुलाई से शुरू हो रहे वेस्टइंडीज दौरे के लिए वनडे और टी-20 सीरीज, दोनों के लिए स्क्वाड में शामिल नहीं किया गया है। कपिल देव ने इस पर तंज कसते हुए एक मीडिया चैनल से कहा- मैं विराट कोहली जैसे बड़े खिलाड़ी के लिए कभी नहीं कह सकता कि उन्हें ड्रॉप किया गया है। वह काफी बड़े खिलाड़ी हैं। अगर यह कहा जा रहा है कि विराट को आराम दिया गया है, ताकि उनका सम्मान बना रहे तो इसमें कोई बुराई नहीं है। इससे पहले कपिल देव ने विराट कोहली पर खुलेआम निशाना साधा था।

डोपिंग टेस्ट में फेल हुए शाहिदुल इस्लाम
बांगलादेश के तेज गेंदबाज शोहिदुल इस्लाम पर डोपिंग टेस्ट में विफल होने पर अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने दस महीने का प्रतिबंध लगा दिया है। उनका सैंपल मार्च में लिया गया था। शाहिदुल के सैंपल में क्लोमिफेन पाया गया है, जोकि विश्व डोपिंग रोधी एजेंसी वाडा की सूची में प्रतिबंधित तत्व में आता है। शाहिदुल का प्रतियोगिता से अलग सैंपल लिया गया था। प्रतिबंध 28 मई से शुरू होगा, जिस दिन से उन्होंने अपना जुर्म स्वीकार किया है। आईसीसी ने कहा कि बांग्लादेशी पेसर को आईसीसी के डोपिंग रोधी अधिनियम के अनुच्छेद 2.1 के तहत आचार संहिता के उल्लंघन का दोषी पाया गया है।

आने वाले मुकाबले

- आज वेस्टइंडीज और बांग्लादेश के बीच तीसरा वनडे मैच खेला जाएगा।
- श्रीलंका और पाकिस्तान के बीच पहला टेस्ट भी आज से शुरू हो रहा है।
- 17 जुलाई को भारत और इंग्लैंड के बीच तीसरा वनडे मैच खेला जाएगा।
- 18 जुलाई को आयरलैंड और न्यूजीलैंड के बीच पहला टी-20 मैच खेला जाएगा।

आज ही इतिहास में पहले 1,000 रन बनाने वाले बल्लेबाज बने थे ऑर्थर

आज क्रिकेट तूफानी हो गया है। रोजाना कई रेकॉर्ड्स बनते हैं और कई टूटते हैं। आज 10 हजार रन बनाना कोई बड़ी बात नहीं रह गई है, लेकिन कुछ साल पहले के इतिहास में झांके तो इस लक्ष्य तक पहुंचना काफी मुश्किल होता था। तब क्रिकेट न तो इतना तेज था और न ही इतनी सहूलियात थी। कल 17 जुलाई है और आज से करीब 129 साल पहले क्रिकेट इतिहास में एक रेकॉर्ड बना था और वह तब के लिहाज बेहद दिलचस्प था। यह तो सब जानते होंगे कि क्रिकेट में 10 हजार रन सबसे पहले बनाने वाले सचिन तेंदुलकर हैं, लेकिन क्या आपको यह जानकारी है कि 1000 रन सबसे पहले किसने बनाए? नहीं, तो हम बताते हैं। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 1000 रन सबसे पहले बनाने का रेकॉर्ड इंग्लैंड के ऑर्थर शर्युसबरी के नाम है। उन्होंने 17 जुलाई को ही यह कारनामा किया था। उन्होंने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर में कुल 23 टेस्ट मैच खेले, जिसमें उन्होंने 35.47 के औसत से 1277 रन बनाए थे।

भले ही अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में ऑर्थर ने कोई बड़ा कारनामा ना किया हो, लेकिन फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में उन्होंने इतने रन बना दिए जितने कई बल्लेबाज टेस्ट, वनडे और टी-20 मिलाकर नहीं बना पाते। फर्स्ट-क्लास में ऑर्थर ने 498 मैचों में 37 के औसत से 26505 रन बनाए थे, जिसमें 59 शतक और 114 अर्धशतक भी शामिल रहे।

ऐसा बल्लेबाज जिसके मुरीद थे ब्रैडमैन
क्रिकेट में जब भी बल्लेबाजों की बात होगी, डॉन ब्रैडमैन का नाम आना लाजमी है। उन्हें दुनिया के अब तक सबसे महानतम बल्लेबाजों में शुमार किया जाता है। दुनिया उनकी बल्लेबाजी की मुरीद थी। आज भी लोग उनके बल्लेबाजी के स्टाइल और शॉट्स को कॉपी करना चाहते हैं। लेकिन, क्या आप जानते हैं कि ऑस्ट्रेलिया में एक ऐसा बल्लेबाज भी हुआ जिसके मुरीद ब्रैडमैन हो गए थे। जी हां, ऐस हुआ था और आज उसी बल्लेबाज का जन्मदिन है। हम बात कर रहे हैं 16 जुलाई 1910 में जन्म लेने वाले स्टैन मैक्कैबे की। उनके करियर और जिंदगी की कहानी बेहद दिलचस्प है।

ऑस्‍ट्रेलियाई क्रिकेट टीम के पूर्व बल्‍लेबाज स्‍टैन मैक्‍केबे ने यूं तो राष्‍ट्रीय टीम के लिए 39 टेस्‍ट मैच खेले, लेकिन 1932-33 में बॉडीलाइन सीरीज में उनका प्रदर्शन खासतौर पर याद किया जाता है। इंग्‍लैंड के खिलाफ इस सीरीज में खेले गए मुकाबले में उन्‍होंने पहली पारी में नाबाद 187 रनों की जोरदार पारी खेली। वहीं, टीम का कोई अन्य बल्‍लेबाज अर्धशतक तक नहीं बना सका। स्‍टैन हुक और पुल शॉट खेलने में भी माहिर थे। साल 1938 में ट्रेंटब्रिज टेस्‍ट में स्‍टैन ने 232 रन की ताबड़तोड़ पारी खेलकर टीम के लिए मैच बचाया। यही वो पारी थी जिसके बाद दिग्‍गज डॉन ब्रैडमैन ने उनकी तारीफों के पुल बांधे। ट्रेंटब्रिज टेस्‍ट में दोहरा शतक ठोककर स्‍टैन जब पवेलियन लौटे तो ड्रेसिंग रूम में डॉन ब्रैडमैन ने उनसे कहा, अगर मैंने ऐसी पारी खेली होती जैसी कि तुमने खेली है तो मुझे अपने आप पर गर्व होता।

स्‍टैन ने अपने करियर में ऑस्‍ट्रेलिया के लिए 39 टेस्‍ट की 62 पारियों में पांच बार नाबाद रहते हुए 48.21 की औसत से 2748 रन बनाए। इसमें 6 शतक और 13 अर्धशतक भी शामिल रहे। टेस्‍ट क्रिकेट में स्‍टैन के नाम 36 विकेट भी दर्ज हैं। पारी में उनका सर्वश्रेष्‍ठ प्रदर्शन 13 रन देकर चार विकेट लेने का रहा है। 25 अगस्‍त 1968 को सिडनी में महज 58 साल की उम्र में उनका निधन हो गया।

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